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उज्जैन में ‘श्री 84 महादेव दर्शन यात्रा-2026’ का अलौकिक आगाज: सीएम मोहन यादव ने कहा- “84 महादेव श्रद्धा, साधना और सनातन परंपरा के जीवंत प्रतीक हैं!”

Ujjain 84 Mahadev Darshan Yatra 2026

बाबा महाकाल की पावन नगरी उज्जैन (अवंतिकापुरी) में पवित्र श्रावण मास के उपलक्ष्य में ‘श्री 84 महादेव दर्शन यात्रा-2026’ का भव्य एवं दिव्य शुभारंभ हो चुका है। रविवार को मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (वीसी) के माध्यम से इस ऐतिहासिक यात्रा का औपचारिक शुभारंभ किया और दर्शन के लिए रवाना हो रहे श्रद्धालुओं को अपनी भावपूर्ण शुभकामनाएं दीं।

समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उज्जैन केवल एक भौगोलिक शहर नहीं है, बल्कि भगवान महाकाल की साक्षात पावन नगरी है। यहाँ स्थित 84 महादेव मंदिर हमारी सनातन परंपरा, साधना और सांस्कृतिक विरासत के जीवंत केंद्र हैं।

1. आस्था के साथ-साथ ‘आत्मिक जागरण’ का पुण्य अवसर

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि 84 महादेवों की परिक्रमा करना शिवभक्ति की अत्यंत प्राचीन और पावन परंपरा रही है। यह यात्रा श्रद्धालुओं के मन में संयम, श्रद्धा और आध्यात्मिक अनुशासन का संचार करती है।

मुख्यमंत्री का संदेश:

“हमारी भारतीय संस्कृति ‘वसुधैव कुटुंबकम्’ और ‘सर्वे भवन्तु सुखिनः’ के महान जीवन-मूल्यों पर आधारित है। भगवान शिव समरसता, करुणा और लोक-कल्याण के सर्वोच्च प्रतीक हैं। 84 महादेव का प्रत्येक मंदिर उज्जैन के गौरवशाली इतिहास और पौराणिक चेतना का साक्षी है। यह आयोजन हमारी नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने का एक बेहद सशक्त प्रयास है।”

2. यात्रियों को लाल चुनरी, रुद्राक्ष माला और ‘बिल्वपत्र का पौधा’ भेंट

इस वर्ष की 84 महादेव दर्शन यात्रा को विशेष और जन-कल्याणकारी बनाया गया है। आयोजक संस्था द्वारा यात्रा में शामिल होने वाली सभी मातृशक्तियों और श्रद्धालुओं के लिए विशेष प्रबंध किए गए हैं:

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  • निःशुल्क भेंट सामग्री: यात्रा में शामिल होने वाली बहनों और श्रद्धालुओं को लाल चुनरी, साड़ी, रुद्राक्ष की माला और पर्यावरण संरक्षण के प्रतीक स्वरूप ‘बिल्वपत्र का पौधा’ पूरी तरह निःशुल्क भेंट किया जा रहा है।

  • भजन मंडली का समागम: यात्रा के साथ प्रसिद्ध भजन गायक श्री मनीष तिवारी की भजन मंडली चल रही है, जिससे पूरा यात्रा मार्ग शिव भक्ति के भजनों से गुंजायमान हो रहा है।

3. धार्मिक पर्यटन से मजबूत होगी स्थानीय अर्थव्यवस्था

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने धार्मिक यात्राओं के आर्थिक और सामाजिक पहलुओं को रेखांकित करते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से समाज में समरसता तो बढ़ती ही है, साथ ही स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी नई ऊर्जा मिलती है।

84 महादेव दर्शन यात्रा के मुख्य सामाजिक व आर्थिक लाभ

क्षेत्र / पहलूयात्रा से मिलने वाला लाभमुख्य प्रभाव
धार्मिक पर्यटन (Religious Tourism)उज्जैन के 84 पौराणिक शिव मंदिरों का व्यापक प्रचार-प्रसार।श्रद्धालुओं को उज्जैन के प्राचीन इतिहास की जानकारी।
स्थानीय रोजगारहोटल, परिवहन (टैक्सी/बस), हस्तशिल्प और छोटे व्यापारियों को लाभ।स्थानीय दुकानदारों व ई-रिक्शा चालकों की आय में वृद्धि।
युवा चेतनायुवाओं में सेवा, अनुशासन और राष्ट्रभाव का विकास।नई पीढ़ी का अपनी परंपराओं और तीर्थों से जुड़ाव।
पर्यावरण संदेशश्रद्धालुओं को बिल्वपत्र के पौधों का वितरण।पौधरोपण और प्रकृति संरक्षण को बढ़ावा।

4. उज्जैन को विश्वस्तरीय आध्यात्मिक पर्यटन केंद्र बनाने का संकल्प

मुख्यमंत्री ने दोहराया कि राज्य सरकार का संकल्प उज्जैन को दुनिया का सबसे बेहतर आध्यात्मिक पर्यटन केंद्र बनाना है। उज्जैन आने वाले हर एक श्रद्धालु को सहज, सुरक्षित और आनंददायक दर्शन का अनुभव मिले, इसके लिए जिला प्रशासन और समाज मिलकर काम कर रहे हैं।

समारोह के दौरान उज्जैन में मंच पर राज्यसभा सांसद बालयोगी उमेशनाथ महाराज, उज्जैन सांसद श्री अनिल फिरोजिया, विधायक श्री अनिल जैन कालूहेड़ा, गृह निर्माण मंडल के अध्यक्ष श्री ओम जैन, प्रसिद्ध अंतर्राष्ट्रीय कथा प्रवक्ता व आध्यात्मिक गुरु पं. प्रदीप मिश्रा, आध्यात्मिक संत श्री शैलेषानंद महाराज, उज्जैन विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री रवि सोलंकी, श्री संजय अग्रवाल तथा आयोजन समिति के पदाधिकारी श्री नारायण यादव, श्री महेश परयानी, श्री ललिता लुल्ला और श्री शेषांत चंदेरिया सहित हज़ारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

अंतिम विचार

उज्जैन में आयोजित ‘श्री 84 महादेव दर्शन यात्रा-2026’ केवल मंदिरों के दर्शन का मार्ग नहीं है, बल्कि यह सनातन संस्कृति, प्रकृति संरक्षण (बिल्वपत्र वितरण) और सामाजिक समरसता का एक अद्भुत समागम है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के कुशल नेतृत्व में उज्जैन की यह पौराणिक परंपरा आज अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी नई पहचान बना रही है।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

Q1. उज्जैन में ‘श्री 84 महादेव दर्शन यात्रा-2026’ का शुभारंभ किसने किया?

यात्रा का आधिकारिक शुभारंभ मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से किया।

Q2. 84 महादेव यात्रा में श्रद्धालुओं को क्या विशेष भेंट दी जा रही है?

श्रद्धालुओं और मातृशक्तियों को निःशुल्क लाल चुनरी, साड़ी, रुद्राक्ष की माला और पर्यावरण संरक्षण के लिए ‘बिल्वपत्र का पौधा’ भेंट किया जा रहा है।

Q3. उज्जैन के 84 महादेव मंदिरों का क्या धार्मिक महत्व है?

पौराणिक मान्यताओं के अनुसार अवंतिका क्षेत्र (उज्जैन) में स्थित 84 महादेव मंदिर भगवान शिव के विभिन्न स्वरूपों के प्रतीक हैं, जिनकी परिक्रमा करने से आत्मिक शांति, पुण्य और पापों से मुक्ति प्राप्त होती है।

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